कक्षा 7 संस्‍कृत पाठ 5 प्रहेलिकाः (सन्धि) का अर्थ | Prahelika class 7 sanskrit

इस पोस्‍ट में हम बिहार बोर्ड कक्षा 7 संस्‍कृत के पाठ 5 ‘प्रहेलिकाः (सन्धि)(Prahelika class 7 sanskrit)’ के अर्थ को पढ़ेंगे। पञ्चमः पाठः प्रहेलिकाः ( सन्धि ) 1. अपदो दूरगामी च, साक्षरो न च पंडितः । अमुखः स्फुटवक्ता च, यो जानाति सः पण्डितः ।। अर्थ — जो पैर रहित है और दूर तक जाता है। … Read more

कक्षा 7 संस्‍कृत पाठ 4 स्वतन्त्रता-दिवसः (लोट् तथा लृट्लकार) का अर्थ | Swatantrta diwas class 7 sanskrit

इस पोस्‍ट में हम बिहार बोर्ड कक्षा 7 संस्‍कृत के पाठ 4 ‘स्वतन्त्रता-दिवसः (लोट् तथा लृट्लकार)(Swatantrta diwas class 7 sanskrit)’ के अर्थ को पढ़ेंगे। चतुर्थः पाठः स्वतन्त्रता-दिवसः (लोट् तथा लृट्लकार ) पाठ-परिचय — प्रस्तुत पाठ ‘स्वतंत्रता-दिवस:’ में स्वतंत्रता के महत्त्व पर प्रकाश डाला गया है। 15 अगस्त, 1947 ई. को हमें अंग्रेजों की दासता से … Read more

कक्षा 7 संस्‍कृत पाठ 3 ऋतुपरिचयः (विशेष्य-विशेषण-सम्बन्ध) का अर्थ | Rituparichay class 7 sanskrit

इस पोस्‍ट में हम बिहार बोर्ड कक्षा 7 संस्‍कृत के पाठ 3 ‘ऋतुपरिचयः (विशेष्य-विशेषण-सम्बन्ध)(Rituparichay class 7 sanskrit)’ के अर्थ को पढ़ेंगे। तृतीयः पाठः ऋतुपरिचयः (विशेष्य-विशेषण-सम्बन्ध) पाठ-परिचय- भारत ऋतुओं का देश है। यहाँ क्रम से छः ऋतुएँ, यथा-वसंत, ग्रीष्म, वर्षा, शरद्, हेमन्त और शिशिर आते हैं। हर ऋतु की अपनी खास विशेषता है। इन्हीं ऋतुओं के … Read more

कक्षा 7 संस्‍कृत पाठ 2 कर्मशशककथा (लङ्लकार) का अर्थ | Karmashshakkatha class 7 sanskrit

इस पोस्‍ट में हम बिहार बोर्ड कक्षा 7 संस्‍कृत के पाठ 2 ‘कर्मशशककथा (लङ्लकार) (Karmashshakkatha class 7 sanskrit)’ के अर्थ को पढ़ेंगे। द्वितीयः पाठः कर्मशशक कथा (लङ्लकार) पाठ परिचय – प्रस्तुत पाठ ‘कूर्मशशककथा’ विष्णु शर्मा लिखित ‘पंचतंत्र’ नामक कथा ग्रंथ से संकलित हैं। इसमें नियमित रूप से परिश्रम करने की सलाह दी गई है कथाकार … Read more